कन्याश्री प्रकल्प योजना 2026: पश्चिम बंगाल में बेटियों की शिक्षा और सशक्तिकरण की सशक्त पहल

कन्याश्री प्रकल्प योजना पश्चिम बंगाल सरकार की एक दूरदर्शी सामाजिक कल्याण योजना है, जिसका उद्देश्य किशोरियों और युवतियों को शिक्षा से जोड़ना, बाल विवाह को रोकना और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। यह योजना विशेष रूप से उन परिवारों की बेटियों के लिए तैयार की गई है, जो सामाजिक और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग से आती हैं।

कन्याश्री योजना की आवश्यकता क्यों महसूस की गई?

भारत में आज भी कई क्षेत्रों में गरीबी, सामाजिक दबाव और जागरूकता की कमी के कारण लड़कियों की शिक्षा बीच में ही छूट जाती है और कम उम्र में विवाह कर दिया जाता है। इससे न केवल उनका भविष्य प्रभावित होता है, बल्कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से जुड़े जोखिम भी बढ़ जाते हैं।
इन्हीं चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए पश्चिम बंगाल सरकार ने कन्याश्री प्रकल्प योजना की शुरुआत की, ताकि बेटियां शिक्षा जारी रख सकें और आत्मनिर्भर बन सकें।

कन्याश्री प्रकल्प योजना के प्रमुख उद्देश्य

इस योजना को केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि इसे एक समग्र सशक्तिकरण कार्यक्रम के रूप में विकसित किया गया है। इसके मुख्य उद्देश्य हैं:

  • लड़कियों को माध्यमिक, उच्च माध्यमिक और उच्च शिक्षा पूरी करने के लिए प्रोत्साहित करना
  • 18 वर्ष से पहले विवाह को हतोत्साहित कर बाल विवाह की घटनाओं को कम करना
  • किशोरियों में आत्मसम्मान, निर्णय-क्षमता और सामाजिक जागरूकता का विकास
  • शिक्षा और देर से विवाह के माध्यम से स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों को कम करना
  • बेटियों को वित्तीय समावेशन से जोड़ना, ताकि वे स्वयं अपने धन का उपयोग कर सकें

कन्याश्री योजना के अंतर्गत मिलने वाले लाभ

कन्याश्री प्रकल्प योजना के तहत पात्र छात्राओं को दो प्रकार की वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है:

  1. वार्षिक छात्रवृत्ति (K1)

यह सहायता 13 से 18 वर्ष की उन छात्राओं को दी जाती है जो कक्षा 8 या उससे ऊपर अध्ययनरत हैं।

सहायता राशि: ₹1,000 प्रति वर्ष

शर्तें:

  • छात्रा अविवाहित हो
  • नियमित रूप से पढ़ाई कर रही हो
  1. एकमुश्त अनुदान (K2)

यह अनुदान छात्रा के 18 वर्ष पूरे करने के बाद प्रदान किया जाता है।

सहायता राशि: ₹25,000 (एक बार)

शर्तें:

  • छात्रा अविवाहित हो
  • किसी शैक्षणिक या व्यावसायिक गतिविधि में संलग्न हो

कन्याश्री योजना के लिए पात्रता मानदंड

इस योजना का लाभ लेने के लिए निम्न शर्तों को पूरा करना आवश्यक है:

  • आवेदिका पश्चिम बंगाल की स्थायी निवासी हो
  • किसी मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान में नियमित रूप से नामांकित हो
  • छात्रा अविवाहित हो
  • परिवार की वार्षिक आय ₹1,20,000 से अधिक न हो
  • आवेदिका के नाम से बैंक खाता होना अनिवार्य हो

आय सीमा में छूट किन्हें मिलती है?

कुछ विशेष परिस्थितियों में आय सीमा लागू नहीं होती, जैसे:

  • 40% या उससे अधिक दिव्यांगता
  • जुवेनाइल जस्टिस एक्ट के अंतर्गत पंजीकृत गृह में निवास
  • दोनों माता-पिता का निधन

कौन-कौन से शैक्षणिक संस्थान पात्र हैं?

कन्याश्री योजना का लाभ निम्न संस्थानों में पढ़ने वाली छात्राएं ले सकती हैं:

  • स्कूल, मदरसा या ओपन स्कूल (कक्षा 8 या उससे ऊपर)
  • कॉलेज या ओपन यूनिवर्सिटी
  • तकनीकी, व्यावसायिक या औद्योगिक प्रशिक्षण केंद्र
  • खेल संस्थानों में नामांकित छात्राएं (केवल K2 के लिए)

कन्याश्री प्रकल्प योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया

कन्याश्री योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन है और इसे शैक्षणिक संस्थान के माध्यम से पूरा किया जाता है।

चरण 1: आवेदन फॉर्म प्राप्त करें

  • K1 के लिए हल्के हरे रंग का फॉर्म
  • K2 के लिए हल्के नीले रंग का फॉर्म

चरण 2: बैंक खाता सुनिश्चित करें

  • छात्रा के नाम से बैंक खाता होना अनिवार्य है
  • आवेदन फॉर्म और बैंक खाते में नाम एक-सा होना चाहिए

चरण 3: आवेदन फॉर्म भरें

  • सभी जानकारी सावधानीपूर्वक भरें
  • सही मोबाइल नंबर दर्ज करें
  • फॉर्म के सभी पृष्ठों पर हस्ताक्षर करें

चरण 4: आवश्यक दस्तावेज संलग्न करें
चरण 5: रसीद (Acknowledgement Slip) प्राप्त करें

यह आवेदन का आधिकारिक प्रमाण होता है, जिसे सुरक्षित रखना आवश्यक है

आवेदन की स्थिति कैसे जांचें?

आवेदन जमा होने के बाद संबंधित शैक्षणिक संस्थान द्वारा विवरण ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड किया जाता है। आवेदिका अपने फॉर्म नंबर की सहायता से आवेदन की स्थिति ट्रैक कर सकती है।

  • कन्याश्री योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज
  • जन्म प्रमाण पत्र
  • अविवाहित स्थिति प्रमाण पत्र
  • पारिवारिक आय प्रमाण पत्र
  • बैंक पासबुक की प्रति
  • दिव्यांगता प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
  • माता-पिता के मृत्यु प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
  • जुवेनाइल होम निवास प्रमाण (यदि लागू हो)

निष्कर्ष: क्यों महत्वपूर्ण है कन्याश्री प्रकल्प योजना?

कन्याश्री प्रकल्प योजना केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि पश्चिम बंगाल की बेटियों के लिए शिक्षा, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार है। इस योजना ने हजारों छात्राओं को पढ़ाई जारी रखने, बाल विवाह से बचने और अपने भविष्य के फैसले स्वयं लेने का आत्मविश्वास दिया है।

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